नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने दिल्ली और उत्तर प्रदेश में सड़क संपर्क को बेहतर बनाने के लिए कुल ₹14,114.81 करोड़ की लागत वाली दो महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं को मंजूरी दे दी है। केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इन परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई, जिनका उद्देश्य ट्रैफिक जाम कम करना, यात्रा को सुगम बनाना और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को गति देना है।
पहली परियोजना दिल्ली में लगभग ₹6,969.67 करोड़ की लागत से बनने वाली 6-लेन भूमिगत सुरंग (टनल) है। यह सुरंग द्वारका एक्सप्रेसवे को दक्षिण दिल्ली से जोड़ेगी। इसके बनने से दिल्ली के प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे सहित दक्षिण और पश्चिम दिल्ली के बीच आवागमन अधिक सुगम होगा।
दूसरी परियोजना उत्तर प्रदेश में कानपुर से कबरई के बीच बनने वाला ग्रीनफील्ड एक्सेस-कंट्रोल्ड हाईवे कॉरिडोर है। इस परियोजना की अनुमानित लागत ₹7,145.14 करोड़ है। हाईवे बनने से बुंदेलखंड क्षेत्र की कनेक्टिविटी मजबूत होगी, माल परिवहन तेज होगा और औद्योगिक एवं आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
सरकार का मानना है कि इन दोनों परियोजनाओं से यात्रा का समय कम होगा, लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी और सड़क सुरक्षा में भी सुधार आएगा। साथ ही, इन परियोजनाओं से निर्माण के दौरान बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे और क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी।
इन परियोजनाओं की मंजूरी को देश में आधुनिक सड़क अवसंरचना विकसित करने और बेहतर कनेक्टिविटी के माध्यम से आर्थिक विकास को गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

